दिव्यांगजनों को केवल सहायता और सुविधाओं तक सीमित न रखते हुए उन्हें कौशल, रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ने की दिशा में जिला प्रशासन द्वारा पहल की जा रही है। इसी क्रम में सीधी जिले के पांच दिव्यांगजनों को भोपाल भेजकर दो माह के निःशुल्क कौशल प्रशिक्षण से जोड़ा गया है। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद योग्य प्रशिक्षणार्थियों को रोजगार उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी की गई है।
कलेक्टर विकास मिश्रा एवं सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के निर्देशानुसार जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र, सीधी द्वारा दिव्यांगजनों को कौशल विकास, रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में भोपाल की रेड्डी फाउंडेशन के सहयोग से यह प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है।
पांच प्रशिक्षणार्थी पहुंचे भोपाल
जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र के माध्यम से जिले के पांच दिव्यांगजनों का चयन कर उन्हें भोपाल स्थित प्रशिक्षण केंद्र पहुंचाया गया। प्रशिक्षण प्राप्त करने वालों में पुष्पेंद्र रावत, रवि कुमार पनिका, उमा मिश्रा, अखिलेश पटेल एवं कृष्ण कुमार शामिल हैं। सभी प्रशिक्षणार्थियों को दो माह के निःशुल्क प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल कराया गया है।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को उनकी क्षमता और रुचि के अनुरूप रोजगारपरक एवं व्यावहारिक कौशल विकसित करने का अवसर मिलेगा। प्रशिक्षण का उद्देश्य दिव्यांगजनों को रोजगार अथवा स्वरोजगार के लिए आवश्यक दक्षता प्रदान कर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
प्रशिक्षण के बाद रोजगार का अवसर
इस पहल की खास बात यह है कि प्रशिक्षण पूरा होने के बाद योग्य एवं सफल प्रशिक्षणार्थियों को रोजगार उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी की गई है। इस प्रकार यह प्रयास केवल कौशल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रशिक्षण से रोजगार तक दिव्यांगजनों को आगे बढ़ाने की दिशा में किया गया प्रयास है।
इस पहल में जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र, सीधी के वरिष्ठ भौतिक चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ. दीपक त्रिपाठी की सक्रिय भूमिका रही। उन्होंने दिव्यांगजनों को प्रशिक्षण कार्यक्रम से जोड़ने, उन्हें भोपाल पहुंचाने तथा प्रशिक्षण में शामिल कराने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
इस पहल का उद्देश्य दिव्यांगजनों को शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने के साथ-साथ उन्हें अपनी क्षमता के अनुरूप कौशल एवं रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि वे आर्थिक रूप से सशक्त होकर समाज की मुख्यधारा में अपनी सक्रिय भूमिका निभा सकें।
जिला प्रशासन, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र सीधी एवं रेड्डी फाउंडेशन भोपाल के संयुक्त प्रयास से संचालित यह कार्यक्रम दिव्यांगजनों को सहायता से आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।


